
चंगाई सभा में धार्मिक भावनाएं आहत करने का आरोप, पास्टर समेत दो गिरफ्तार, हिंदू देवी-देवताओं पर आपत्तिजनक टिप्पणी और धर्म प्रचार के मामले में कोतवाली पुलिस की कार्रवाई…
जांजगीर-चांपा जिले में आयोजित एक कथित चंगाई सभा के दौरान हिंदू धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने और धर्म विशेष के प्रचार-प्रसार के आरोप में कोतवाली पुलिस ने सख्त कार्रवाई करते हुए पास्टर समेत दो लोगों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है, पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से ईसाई धर्म से संबंधित दस्तावेज और धार्मिक साहित्य भी जब्त किया है।
पुलिस के अनुसार हिंदू जागरण मंच के जिला प्रशासन संपर्क प्रमुख सतीश सोनी ने सिटी कोतवाली में लिखित शिकायत दर्ज कराई थी, शिकायत में बताया गया कि ग्राम उदयबंद के गुड़ीपारा क्षेत्र में एक घर में चंगाई सभा का आयोजन किया जा रहा है आरोप है कि सभा में लोगों को बीमारी का इलाज करने, चमत्कारी पानी पिलाने और धार्मिक साहित्य वितरित करने के माध्यम से ईसाई धर्म का प्रचार-प्रसार किया जा रहा था, साथ ही हिंदू देवी-देवताओं के संबंध में आपत्तिजनक और अभद्र टिप्पणियां भी की जा रही थीं। शिकायत के आधार पर पुलिस ने अपराध क्रमांक 439/26 के तहत धारा 299 एवं 3(5) बीएनएस के अंतर्गत मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर देखा कि एक मकान में चंगाई सभा चल रही थी। आरोप है कि सभा में पास्टर रथराम महिलांगे द्वारा बाइबल और अन्य धार्मिक पुस्तकों का वितरण किया जा रहा था तथा हिंदू देवी-देवताओं के विरुद्ध आपत्तिजनक टिप्पणियां की जा रही थीं। पुलिस ने मौके से मकान मालिक बद्रीनाथ बरेठ और पास्टर रथराम महिलांगे को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पुलिस के मुताबिक पूछताछ के दौरान दोनों आरोपियों ने आसपास के लोगों को बुलाकर बीमारी के उपचार के बहाने धर्म प्रचार करने की बात स्वीकार की। इसके बाद पुलिस ने मौके से धार्मिक दस्तावेज जब्त कर दोनों आरोपियों को विधिवत गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों में उदयबंद निवासी बद्रीनाथ बरेठ और मूलमुला निवासी रथराम महिलांगे शामिल हैं, दोनों को न्यायालय में पेश कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।



