
किरायेदार की सूचना छिपाना पड़ा महंगा, बिर्रा के मकान मालिक पर FIR दर्ज, पश्चिम बंगाल के 9 लोगों को बिना सूचना किराये पर रखने पर बिर्रा थाना में BNS की धारा 223 के तहत कार्रवाई…
- किरायेदार की सूचना नहीं देना पड़ा भारी, मकान मालिक के विरुद्ध थाना बिर्रा में FIR दर्ज
- बिर्रा क्षेत्र के एक मकान मालिक द्वारा पश्चिम बंगाल के 9 व्यक्तियों को बिना किरायानामा एवं थाना को सूचना दिए किराये पर रखा
- किरायेदार सत्यापन अभियान के दौरान मामला सामने आने पर BNS की धारा 223 के तहत पुलिस ने दर्ज किया प्रकरण, विवेचना जारी।
- जांजगीर-चांपा पुलिस की अपील—हर मकान मालिक किरायेदार की जानकारी अनिवार्य रूप से संबंधित थाना/चौकी में दें, अन्यथा होगी वैधानिक कार्रवाई।
जांजगीर-चांपा:- जिले में कानून -व्यवस्था एवं शांति बनाए रखने के उद्देश्य से पुलिस अधीक्षक विजय कुमार पाण्डेय IPS के निर्देशन में पुलिस द्वारा अप्रवासियों एवं किरायेदारों का सतत सत्यापन अभियान चलाया जा रहा है। इसके अतिरिक्त पुलिस द्वारा सोशल मीडिया, जनजागरूकता अभियान एवं अन्य माध्यमों से भी लगातार आम नागरिकों और मकान मालिकों से अपील की जा रही थी कि वे अपने यहां रहने वाले प्रत्येक किरायेदार की जानकारी संबंधित थाना/चौकी में अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराएं।
इस संबंध में कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी जांजगीर चांपा द्वारा भी किरायेदारों की जानकारी थाना में उपलब्ध नहीं कराने पर वैधानिक कार्रवाई किए जाने संबंधी आदेश जारी किया गया है। इसके बावजूद बिर्रा निवासी जीवन लाल तिवारी ने आदेशों की अवहेलना करते हुए दूसरे राज्य के चार व्यक्तियों को बिना किरायानामा तैयार किए एवं बिना थाना को सूचना दिए अपने मकान में किराये पर रखा।
थाना प्रभारी बिर्रा राजीव श्रीवास्तव द्वारा किरायेदार सत्यापन अभियान के दौरान जानकारी सामने आने पर पुलिस ने जीवन लाल तिवारी निवासी बिर्रा के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 223 के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना कार्यवाही की जा रही है।
अपील: जांजगीर-चांपा पुलिस ने सभी मकान मालिकों से पुनः अपील की है कि वे अपने यहां रहने वाले प्रत्येक किरायेदार एवं बाहरी व्यक्तियों की जानकारी तत्काल निकटतम थाना अथवा चौकी में उपलब्ध कराएं। किरायेदारों की सूचना छिपाने या निर्धारित प्रक्रिया का पालन नहीं करने वालों के विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
किरायेदार सत्यापन अभियान का उद्देश्य क्षेत्र में शांति, सुरक्षा एवं कानून -व्यवस्था बनाए रखना तथा किसी भी प्रकार की आपराधिक गतिविधियों की रोकथाम सुनिश्चित करना है।



